नई दिल्ली. अमेरिका और भारत के बीच रिश्ते पिछले दो दशकों में नई ऊंचाइयों तक पहुंचे थे, लेकिन पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के फैसलों ने इन रिश्तों को झटका दे दिया है. ट्रंप ने भारत से आने वाले उत्पादों पर 50 फीसदी तक टैरिफ लगा दिए, जिससे न सिर्फ भारत-अमेरिका व्यापार प्रभावित हुआ बल्कि राजनीतिक और रणनीतिक साझेदारी भी कमजोर पड़ गई. ट्रंप के इस कदम पर अमेरिका के अंदर भी आलोचना हो रही है. डेमोक्रेट्स ने कहा है कि ये टैरिफ अमेरिकी उपभोक्ताओं को नुकसान पहुंचाएंगे और भारत से बने रिश्ते को तोड़ देंगे. वहीं, ट्रंप के पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जॉन बोल्टन ने भी कहा कि ट्रंप ने दशकों की मेहनत पर पानी फेर दिया.जेक सुलिवन ने ट्रंप पर गंभीर आरोप लगाएजो बाइडेन प्रशासन में एनएसए रहे जेक सुलिवन ने भी ट्रंप पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि ट्रंप के टैरिफ और रवैये ने भारत को चीन के करीब जाने पर मजबूर कर दिया है. सुलिवन ने यहां तक आरोप लगाया कि पाकिस्तान के साथ ट्रंप परिवार के कारोबारी रिश्तों ने भारत को दरकिनार करने में बड़ी भूमिका निभाई.ट्रंप परिवार का पाकिस्तान में बिटकॉइन कारोबारसुलिवन ने एक पॉडकास्ट में कहा कि ट्रंप परिवार का पाकिस्तान में बिटकॉइन और ब्लॉकचेन से जुड़ा कारोबार तेजी से बढ़ रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि पाकिस्तान की इस ‘बिजनेस डीलिंग’ के चलते ट्रंप ने भारत के साथ
