AI चिप्स की दुनिया में मुकाबला और तेज होने वाला है. Meta और Google के बीच बड़ी डील की चर्चा चल रही है, जो सीधे-सीधे Nvidia के दबदबे को चुनौती दे सकती है.
नई दिल्ली. दुनिया भर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल बढ़ता जा रहा है. AI चिप्स की दुनिया में घमासान इस कदर बढ़ गया है कि अब मुकाबला सिर्फ तेज प्रोसेसर का नहीं, बल्कि टेक दिग्गजों की प्रतिष्ठा का भी हो गया है. एक तरफ एनवीडिया (Nvidia) अपनी बादशाहत बरकरार रखने में जुटी है, तो दूसरी तरफ गूगल (Google) और मेटा (Meta) ने खेल की दिशा बदलने का मन बना लिया है. दोनों कंपनियां अब अपनी इन-हाउस AI चिप्स तैयार करने में तेजी दिखा रही हैं. इसका मतलब हुआ कि आने वाले समय में बाजार में सिर्फ चिप्स नहीं, बल्कि एक नई टेक जंग छिड़ने वाली है
रिपोर्ट्स के मुताबिक, गूगल और मेटा के बीच डील को लेकर चर्चा चल रही है. AI मार्केट की बादशाह रही एनवीडिया अब अपने दबदबे को मजबूती से बचाने में जुटी है. कंपनी का कहना है कि उसके GPUs अभी भी पूरी इंडस्ट्री से एक जनरेशन आगे हैं.Nvidia के शेयर गिरेइन खबरों के बीच निवेशकों की चिंता बढ़ी और एनवीडिया के शेयर करीब 3% गिर गए. रिपोर्ट्स में कहा गया है कि मेटा अपने डेटा सेंटर्स में गूगल के टेंसर प्रोसेसिंग यूनिट (TPU) इस्तेमाल करने पर विचार कर रही है. यही खबर एनवीडिया के शेयरों में गिरावट की बड़ी वजह बनी. निवेशकों को डर है कि इससे एआई हार्डवेयर सप्लाई चेन में बदलाव शुरू हो सकता है और बड़ी कंपनियां एनवीडिया पर अपनी निर्भरता घटा सकती हैं.
